सपा पर फिर फूटेगा दीपक सिंघल टेप बम ?  लोकायुक्त में परिवार हुआ दर्ज

लखनऊ । उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर भूचाल आ सकता है। अबकी बार ऐसा भाजपा की वजह से नहीं सपा के किए गए पूर्व कर्मों का फल हो। ऐसा नहीं है कि पूर्व सरकार में दागी अफसर और धंधेबाज नेता नहीं रहे। लेकिन एक ऐसा मामला फिर से जमीन से खोद कर निकाला गया है जिससे एक बार फिर सपा के लिए सरदर्द साबित हो सकता है।

पूर्व सपा नेता अमर सिंह और आईएएस अफसर दीपक सिंघल के बीच हुए तीन कथित फोन टेप के सम्बन्ध में एक्टिविस्ट डॉ नूतन ठाकुर द्वारा आज लोकायुक्त के समक्ष परिवाद दायर किया गया है।

परिवाद में श्री सिंघल और अमर सिंह के बीच शुगर डील, गैस डील, एसईजेड के टेंडर डॉक्यूमेंट, भूमि आवंटन में मनमाफिक बदलाव, आईएएस संजीव शरण के साथ नोएडा और ग्रेटर नॉएडा में हिस्सेदारी, तत्कालीन मुख्य सचिव पर बाहरी दवाब डलवाने और श्री सिंघल द्वारा आरडीए वाले देवेंदर कुमार को 96.5 लाख रुपये पहुँचाने जैसी बातों के टेप की जाँच की मांग की गयी है।

परिवाद में कहा गया है कि उनके द्वारा पूर्व में शासन को भेजी गयी शिकायत पर कार्मिक विभाग के कनिष्ठ अफसरों ने किसी वरिष्ठ अधिकारी से जाँच कराने का प्रस्ताव भेजा था, इस पर तत्कालीन प्रमुख सचिव कार्मिक राजीव कुमार ने उन अधीनस्थ अफसरों पर गलत दवाब डाल कर प्रकरण को निक्षेपित करने का प्रस्ताव मंगवा कर उसे समाप्त कर दिया।

नूतन ने दीपक सिंघल के फोन टेप मामले के साथ उसके खिलाफ शिकायत को गलत तरीके से समाप्त करने की भी जाँच किये जाने का अनुरोध किया है।

Share this

media mantra news

Technology enthusiast

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *